निजी क्रिप्टोकरेंसी जैसे सट्टेबाजी के साधनों को अगर बढ़ने की इजाजत दी गई तो ये अगले वित्तीय संकट की वजह बन सकते हैं। भारतीय रिजर्व बैंक (आरबीआई) के गवर्नर शक्तिकांत दास ने यह चेतावनी दी। उन्होंने साथ ही बिटकॉइन जैसे साधनों पर प्रतिबंध लगाने की मांग भी की। दास ऐसे साधनों के प्रबल विरोधी रहे हैं और आरबीआई इस मुद्दे पर उच्चतम न्यायालय तक गया है। उन्होंने ‘बीएफएसआई इनसाइट समिट 2022’ में कहा कि क्रिप्टोकरेंसी में व्यापक आर्थिक और वित्तीय स्थिरता से जुड़े बड़े जोखिम शामिल हैं और हम इस बारे में हमेशा बताते रहे हैं। आरबीआई गवर्नर ने कहा कि पिछले एक साल के घटनाक्रम इस तरह के साधनों से पैदा होने वाले खतरों के बारे में बताते हैं। इनमें क्रिप्टोकरेंसी एक्सचेंज एफटीएक्स का धराशायी होना शामिल है, जो अमेरिका के इतिहास में सबसे बड़ी वित्तीय धोखाधड़ी में से एक है।
सैमसंग गैलेक्सी M14 5G स्मार्टोफोन भारत में लॉन्च, 6000mAh की बैटरी वाले इस फोन की कीमत 13,490 रुपए
Apr 18, 2023राजस्थान ग्रामीण पर्यटन योजना-2022: विलेज टूरिज्म को बढ़ावा देने की कवायद
Dec 31, 2022दिसंबर के आखिरी सप्ताह में अाए रिकॉर्ड 3 लाख पर्यटक, सर्दी के साथ गुलाबीनगरी में बढ़ रहे सैलानी
Jan 09, 2023