दुनियाभर में औषधीय पौधों पर भयंकर खतरा मंडरा रहा है। पृथ्वी हर दो साल में एक संभावित औषधीय पौधा विलुप्त हो रहा है। साथ ही इनके विलुप्त होने की दर प्राकृतिक प्रक्रिया के मुकाबले 100 गुना तेज है। भारत में ‘लाल सूची’ में 387 पौधे शामिल हैं। गोवा में पणजी में आयोजित वर्ल्ड आयुर्वेद कांग्रेस (डब्ल्यूएसी) में भाग लेने वाले विशेषज्ञों ने इस खतरे से निपटने के लिए जागरूकता अभियान चलाने के साथ औषधीय पौधों के संरक्षण पर भी जोर दिया।
हैदराबाद। दवा कंपनी ‘हेटेरो’ ने कोविड-19 की मौखिक दवा निर्माट्रेलविर के जेनेरिक स्वरूप के लिए विश्व स्वास्थ्य संगठन पूर्व अहर्ता दवा कार्यक्रम (डब्ल्यूएचओ पीक्यू) के तहत स्वीकृति मिलने की गत सोमवार को घोषणा की।
नई दिल्ली। देश में मार्च 2024 तक जन औषधि केंद्रों की संख्या बढ़कर 10 हजार तक हो जाएगी। केंद्र सरकार की ओर से दी गई जानकारी के अनुसार उसकी योजना मार्च 2024 तक प्रधानमंत्री भारतीय जनऔषधि केंद्रों (पीएमबीजेके) की संख्या बढ़ाकर 10,000 करने की है। जनऔषधि केंद्रों के जरिए सस्ती कीमतों पर गुणवत्तापूर्ण दवाएं उपलब्ध कराई जाती हैं। पिछले आठ वर्षों में पीएमबीजेके के जरिए लगभग 18,000 करोड़ रुपए की बचत की गई है। सरकार ने देशभर के 766 जिलों में से 743 जिलों को शामिल करते हुए 9,000 से अधिक केंद्रों को चालू किया है।
सैमसंग गैलेक्सी M14 5G स्मार्टोफोन भारत में लॉन्च, 6000mAh की बैटरी वाले इस फोन की कीमत 13,490 रुपए
Apr 18, 2023राजस्थान ग्रामीण पर्यटन योजना-2022: विलेज टूरिज्म को बढ़ावा देने की कवायद
Dec 31, 2022दिसंबर के आखिरी सप्ताह में अाए रिकॉर्ड 3 लाख पर्यटक, सर्दी के साथ गुलाबीनगरी में बढ़ रहे सैलानी
Jan 09, 2023